पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर के दिशा-निर्देशों के तहत पूरे शहर को एक अभेद्य सुरक्षा घेरे में तबदील कर दिया गया है।
जैसे ही घड़ी की सुइयां 31 दिसंबर की आधी रात को छुएंगी, जालंधर शहर नए साल 2026 के स्वागत के जश्न में डूबा होगा। इस जश्न में किसी भी प्रकार की खलल न पड़े और शहरवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो, इसके लिए जालंधर सिटी कमिश्नरेट पुलिस ने पक्के इरादे के साथ कमर कस ली है। पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर के दिशा-निर्देशों के तहत पूरे शहर को एक अभेद्य सुरक्षा घेरे में तबदील कर दिया गया है। जालंधर पुलिस ने शहर की सुरक्षा को मुख्य रूप से तीन स्तरों पर विभाजित किया है। नए साल की पूर्व संध्या पर हुड़दंगियों और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के लिए विशेष रणनीति बनाई गई है।
शहर की सीमाओं को सील करते हुए 10 रणनीतिक चैकप्वाइंट स्थापित किए गए हैं। बाहर से आने वाले हर वाहन की सघन चैकिंग की जाएगी। शहर के भीतर के इलाकों में 16 विशेष चैकप्वाइंट और चैक पोस्ट बनाए गए हैं। इन पोस्टों की कमान सीधे एसएजओ (थाना प्रभारी) और जीओ (गजटेड ऑफिसर) के हाथों में होगी, ताकि किसी भी स्थिति में तुरंत निर्णय लिया जा सके। कानून-व्यवस्था की बारीकी से निगरानी के लिए 14 गजटेड ऑफिसर खुद फील्ड में मौजूद रहेंगे और सुरक्षा व्यवस्था का नेतृत्व करेंगे। ट्रैफिक व्यवस्था और सड़क सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है।
शहर के प्रमुख चौराहों और क्लबों के बाहर 33 गाड़ियां निरंतर गश्त करेंगी। विशेष रूप से, शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ मुहिम छेड़ी गई है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जश्न के नाम पर नियमों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और शराब पीकर हुड़दंग करने वालों के वाहन तुरंत जब्त कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जश्न की एक समय सीमा तय करते हुए पुलिस प्रशासन ने सभी दुकानदारों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के मालिकों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। सभी दुकानें और व्यावसायिक संस्थान रात 1 बजे तक ही खुले रह सकते हैं। रात 1 बजे के बाद किसी भी प्रकार की कमर्शियल एक्टिविटी की अनुमति नहीं होगी। जालंधर सिटी कमिश्नरेट पुलिस ने इस अवसर पर सभी शहर वासियों को नए साल 2026 की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं।