Police सूत्रों के अनुसार आने वाले 72 घंटे बेहद अहम हैं।
पंजाब को नशा मुक्त और अपराध मुक्त बनाने के संकल्प के तहत मुख्यमंत्री और डीजीपी पंजाब के निर्देशों पर सोमवार को प्रदेश भर में ऑपरेशन प्रहार-2 का आगाज किया गया। संगठित अपराध, गैंगस्टर कल्चर और नशा तस्करी पर नकेल कसने के उद्देश्य से शुरू किए गए इस अभियान के तहत पंजाब पुलिस ने राज्यव्यापी घेराबंदी कर अपराधियों को स्पष्ट संदेश दे दिया है—72 घंटे के भीतर सरैंडर करें, अन्यथा सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें। सोमवार सुबह जालंधर कैंट रेलवे स्टेशन उस समय छावनी में तबदील हो गया, जब स्पैशल डीजीपी (रेलवे) गुरप्रीत दिओ भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं।
उनके साथ पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर और एसपी हरिंदर सिंह गिल भी मौजूद रहे। पुलिस की कई टीमों ने प्लेटफॉर्म नंबर एक से लेकर अंतिम छोर तक, प्रतीक्षालय, कैंटीन और पार्किग एरिया की सघन तलाशी ली। चैकिंग के दौरान डॉग स्क्वॉयड और मैटल डिटैक्टर की मदद से यात्रियों के सामान व लावारिस वस्तुओं की जांच की गई। अचानक हुई इस कार्रवाई से कुछ देर के लिए स्टेशन पर अफरा-तफरी का माहौल बना, हालांकि पुलिस अधिकारियों ने यात्रियों को समझाते हुए इसे पूरी तरह सुरक्षा के लिहाज से उठाया गया कदम बताया।
मीडिया से बातचीत में स्पैशल डीजीपी गुरप्रीत दिओ ने बताया कि ऑपरेशन प्रहार-2 महज रूटीन चेकिंग नहीं, बल्कि अपराधियों के नैटवर्क को तोड़ने की एक व्यापक रणनीति है। उन्होंने बताया कि पूरे पंजाब में 45 चिन्हित व संवेदनशील ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की जा रही है। जालंधर सहित विभिन्न जिलों से अब तक 50 से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
नशा तस्करों और गैंगस्टरों के सहयोगियों (ओजीडब्ल्यू) की सूचियों को अपडेट कर उनके खिलाफ कार्रवाई तेज की गई है। अभियान के तहत शहरों के साथ-साथ इंटर-स्टेट बॉर्डर और संवेदनशील हाईवे पर भी कड़ी नाकेबंदी की गई है। संदिग्ध वाहनों की रैंडम चैकिंग जारी है। एसपी हरिंदर सिंह गिल ने बताया कि विशेष टीमें गठित कर उन्हें तय लक्ष्य सौंपे गए हैं, ताकि कोई भी संदिग्ध तत्व न तो शहर से बाहर भाग सके और न ही किसी तरह की अवैध खेप प्रदेश में दाखिल हो सके।
पुलिस सूत्रों के अनुसार आने वाले 72 घंटे बेहद अहम हैं। इस दौरान उन अपराधियों पर विशेष फोकस किया जा रहा है, जो जमानत पर बाहर आकर दोबारा सक्रिय हुए हैं या जो भगौड़े (पीओ) घोषित हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लक्ष्य पूरा होने तक अभियान जारी रहेगा। इस कार्रवाई से जहां अपराधियों में हड़कंप मचा हुआ है, वहीं आम जनता ने पंजाब पुलिस की इस सख्त और मुस्तैद कार्रवाई की सराहना की है।