नया साल 2026 उत्तर भारत के लिए कड़ाके की सर्दी लेकर आ रहा है।
मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि पंजाब और हिमाचल प्रदेश में ठंड का असर आने वाले दिनों में और तेज़ हो सकता है। खासकर पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश और बर्फबारी की वजह से मैदानी इलाकों में भी शीतलहर का प्रकोप देखने को मिलेगा।
पहाड़ों पर बर्फबारी, मैदानी इलाकों में ठंडी हवाएं
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में अगले चार दिनों तक बारिश और बर्फबारी का सिलसिला जारी रहेगा। इसका सीधा असर पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और राजस्थान तक महसूस किया जाएगा, जहां पहाड़ों से आने वाली सर्द हवाएं ठंड को और बढ़ा देंगी।
रात के तापमान में तेज गिरावट की चेतावनी
मौसम विभाग का अनुमान है कि हिमाचल प्रदेश के कई शहरों में अगले पांच दिनों के दौरान रात के तापमान में 4 से 7 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। वहीं पंजाब और चंडीगढ़ में न्यूनतम तापमान 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक नीचे जा सकता है।
लाहौल-स्पीति जैसे ऊंचे इलाकों में हालात और भी ज्यादा सख्त हो सकते हैं, जहां न्यूनतम तापमान माइनस 10 से माइनस 12 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। फिलहाल शिमला, मनाली, चंडीगढ़ और जालंधर जैसे शहरों में तापमान सामान्य से ऊपर है, लेकिन बर्फबारी के बाद ठंड अचानक बढ़ेगी।
2 जनवरी तक बदलेगा मौसम का मिज़ाज
मौसम वैज्ञानिक शोभित कटियार के मुताबिक, 2 जनवरी तक पहाड़ी इलाकों में बारिश और बर्फबारी जारी रहेगी। इसके बाद तापमान में तेज गिरावट दर्ज की जाएगी। हालांकि 3 जनवरी से मौसम साफ होने की संभावना है, जिससे ठंड धीरे-धीरे कम हो सकती है।
कोहरे ने बढ़ाई मुश्किलें, यातायात प्रभावित
पिछले करीब एक महीने से पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल के निचले इलाकों में घना कोहरा लोगों की परेशानी बढ़ा रहा है। सुबह और रात के समय ठंड ज्यादा महसूस की जा रही है। कोहरे का असर सड़क, रेल और हवाई सेवाओं पर साफ दिख रहा है।
चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर बीते एक हफ्ते से रोजाना कई उड़ानें रद्द हो रही हैं, जबकि कई फ्लाइट्स देरी से संचालित की जा रही हैं। रेलवे सेवाएं भी प्रभावित हैं और पंजाब के अमृतसर व जालंधर जैसे शहरों में कई बार दृश्यता शून्य तक पहुंच गई है।
नए साल में सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे ठंड से बचाव के पूरे इंतज़ाम रखें, खासकर बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखें। पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने वालों को मौसम अपडेट पर नजर रखने की भी अपील की गई है।