SAD द्वारा राज्य कर्मचारियों के लिए केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिश लागू करवाने के लिए कांग्रेस सरकार के फैसले को निरस्त करने की मांग को लेकर विधानसभा में प्रस्ताव पेश

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SAD द्वारा राज्य कर्मचारियों के लिए केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिश लागू करवाने के लिए कांग्रेस सरकार के फैसले को निरस्त करने की मांग को लेकर विधानसभा में प्रस्ताव पेश

शिरोमणी अकाली दल ने अमरिंदर सरकार द्वारा हजारों पदों को खत्म करने के फैसले का विरोध किया: चंदूमाजरा

Punjab E News: -  शिरोमणी अकाली दल ने छठे वेतन आयोग की सिफारिशों को जारी करने तथा उन्हे लागू करने के बजाय राज्य सरकार के कर्मचारियों के लिए केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के अमरिंदर सरकार के फैसले को निरस्त करने मांग करते हुए विधानसभा में एक ठोस प्रस्ताव पेश किया।

       विधानसभा अध्यक्ष श्री राणा के पी सिंह से मुलाकात के बाद  पार्टी विधायक हरिंदरपाल सिंह चंदूमाजरा ने खुलासा किया कि उन्होने प्रस्ताव पार्टी विधानसभा अध्यक्ष को सौंपा तथा विधानसभा के नियम 77 के तहत इस मुददे पर चर्चा के लिए अनुरोध किया जिसके तहत सदस्य अपने वोट के अधिकार का प्रयोग भी कर सकते हैं।

          चंदूमाजरा ने कहा कि शिरोमणी अकाली दल ने कैप्टन अमरिंदर सिंह सरकार द्वारा राज्य सरकार के कर्मचारियों के लिए केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के फैसले को निरस्त करने की मांग करते हुए यह प्रस्ताव पेश किया था क्योंकि यह फैसला पंजाब, पंजाबी तथा पंजाबियों की भावनाओं के खिलाफ था।उन्होने कहा कि पंजाब के मूल निवासी केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने के राज्य सरकार के फैसले के बारे में जानकर हैरान है क्योंकि हर कोई इस बात से वाकिफ है कि पंजाब का वेतनमान केंद्र सरकार से काफी अच्छा है। उन्होने कहा कि अकेले कर्मचारी ही नही बल्कि जो नौजवान राज्य सेवाओं से जुड़ना चाहते थे वे इस फैसले से निराश हो गए हैं।

           उन्होने कहा कि पंजाब ने लंबे संघर्ष के बाद तथा राज्य की परंपरा तथा संस्कृति के अनुसार अपने राज्य कर्मचारियों के लिए विभिन्न वेतनमान अपनाया था।

         अकाली नेता ने कहा कि राज्य सरकार का यह फैसला ऐसे समय आया है जब कर्मचारी छठे वेतन आयोग की सिफारिशों का इंतजार कर रहे थे। उन्होने कहा कि वेतन में बढ़ोतरी तथा अन्य परिलब्धियों के रूप में कर्मचारियों को राहत देने के बजाय राज्य सरकार अपने कर्मचारियों के साथ भेदभाव कर रही है।

       राज्य सरकार पर फटकार लगाते हुए उन्होने कहा कि बिना सलाह के हजारों पदों को समाप्त करना  जब 2017 के राज्य विधानसभा चुनाव के समय जब कैप्टन अमरिंदर सिंह ने नौजवानों को बड़े पैमाने पर रोजगार देने का वादा किया था इसीलिए पूरा राज्य हजारों पदों को समाप्त करने की कांग्रेस सरकार की नीति को समझने में असमर्थ है। उन्होने कहा कि सरकार ने राज्य कर्मचारी संघों तथा अन्य हितधारकों से परामर्श किए बिना इन पदों को समाप्त करने का फैसला लिया है।

        उन्होने कहा कि शिरोमणी अकाली दल अमरिंदर सरकार के इन जनविरोधी कार्यों का विरोध करेगा तथा विधानसभा अध्यक्ष से आग्रह किया कि आगामी विधानसभा सत्र में इस मामले का प्राथमिकता से उठाया जाए।


Feb 24 2021 9:03PM
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Source: Punjab E News

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