कैप्टन ने एक बार फिर साबित किया कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के साथ पंजाब के लोगों के हितों का समझौता किया : चीमा

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कैप्टन ने एक बार फिर साबित किया कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के साथ पंजाब के लोगों के हितों का समझौता किया : चीमा

केंद्र के प्रस्ताव को स्वीकार करने के लिए किसानों को कहना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण - हरपाल चीमा

कैप्टन का किसान विरोधी चेहरा फिर आया सामने, कैप्टन ने की किसान आंदोलन को दबाने की कोशिश

Punjab E News:-  पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह द्वारा दिए गए बयान जिसमें उन्होंने कहा था कि किसानों को केंद्र सरकार के प्रस्ताव को स्वीकार कर लेना चाहिए, उस पर प्रतिक्रिया देते हुए आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष हरपाल सिंह चीमा ने रविवार को कहा कि यह बयान कैप्टन का किसानों के प्रति दोहरे चरित्र को उजागर करता है। उनके बयान से साबित हुआ कि कैप्टन मोदी सरकार के साथ मिलीभगत के तहत किसान आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसान आंदोलन को टालने की नियत से कृषि कानून को दो साल के लिए लागू होने से रोकने का प्रस्ताव दिया है। मोदी सरकार की नीयत कभी भी किसानों के प्रति अच्छी नहीं रही है।

      चीमा ने कहा कि मोदी सरकार की साजिश में सहयोग करके  कैप्टन  ने एक बार फिर साबित किया कि उन्होंने मोदी-शाह के साथ पंजाब के किसानों का समझौता किया है। आम आदमी पार्टी शुरू से ही यह कहते आ रही है कि कैप्टन मोदी सरकार के साथ मिलकर किसान आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं। आज यह बात सच साबित हुई।

        उन्होंने कहा कि कैप्टन अमरिंदर ने पंजाब के लोगों के साथ गद्दारी की। वे पंजाब के लोगों के लिए एक गद्दार हैं। उन्होंने किसान आंदोलन के मुद्दे पर हर बार लोगों को गुमराह करने की कोशिश की। कैप्टन शुरू से ही बीजेपी की भाषा बोल रहे थे। उन्होंने शुरू से ही किसान आंदोलन से लोगों का ध्यान हटाने के लिए समानांतर रैलियों और कार्यक्रमों का आयोजन किया। पहले उन्होंने पंजाब विधानसभा में प्रस्ताव पारित कर किसानों को बेवकूफ बनाने की कोशिश की, फिर उन्होंने अपने सांसदों और कांग्रेस नेताओं को जंतर-मंतर पर धरने के लिए बैठा कर किसान आंदोलन से लोगों का ध्यान भटकाने की कोशिश की।

          उन्होंने कहा कि कैप्टन ने बार-बार किसान आंदोलन में फूट डालने की कोशिश की और काले कृषि कानून के मुद्दे पर पंजाब के लोगों को गुमराह किया। उन्होंने बीजेपी के साथ मिलकर किसान आंदोलन को दबाने की साजिश रची और आंदोलन को कमजोर करने की रणनीति बनाई। आज उनकी साजिश का पर्दाफाश हो चुका है। पंजाब के लोग अब  जान चुके हैं कि कैप्टन मोदी-शाह के साथ मिलकर किसानों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। अब उन्हें कायदे से बीजेपी में शामिल हो जाना चाहिए। पंजाब के लोग इस गद्दारी के लिए कैप्टन को कभी माफ नहीं करेंगे।


Feb 22 2021 5:51AM
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Source: Punjab E News

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