गुजरात टाइटंस के खिलाफ तिलक वर्मा ने महज 45 गेंदों में नाबाद 101 रन बनाए.
तिलक वर्मा ने आखिरकार वो कर दिखाया जिसके लिए वो जाने जाते हैं. मुश्किल में फंसी मुंबई की टीम को तिलक वर्मा ने संभाला और पांचवें नंबर पर उतरकर तूफानी सेंचुरी भी ठोक दी. तिलक वर्मा ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ महज 45 गेंदों में 101 रन बनाए जिसमें उन्होंने 7 छक्के और 8 चौके लगाए. तिलक का स्ट्राइक रेट 224.44 रहा. तिलक वर्मा ने इस शतक के साथ ही कई रिकॉर्ड तोड़ दिए. आइए आपको बताते हैं कि तिलक ने क्या-क्या कमाल किए हैं.
तिलक वर्मा का सबसे तेज शतक
तिलक वर्मा आईपीएल इतिहास में मुंबई इंडियंस के लिए सबसे तेज शतक लगाने वाले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं. तिलक वर्मा से पहले 45 ही गेंदों में सनथ जयसूर्या ने सेंचुरी लगाई थी. ये पारी उन्होंने 2008 में चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ खेली थी. तिलक की पारी की एक और खास बात ये है कि उन्होंने इस सीजन का सबसे तेज शतक भी जड़ दिया है. उन्होंने संजू सैमसन का रिकॉर्ड तोड़ा जिन्होंने 52 गेंदों में सेंचुरी जड़ी थी. इन दोनों के अलावा क्विंटन डिकॉक ने भी सेंचुरी जड़ी है. ये तिलक वर्मा का आईपीएल में पहला शतक भी है.
चमत्कार है तिलक वर्मा का शतक
तिलक वर्मा का शतक किसी चमत्कार से कम नहीं. क्योंकि ये खिलाड़ी 20 गेंदों में महज 17 रन बनाकर खेल रहा था लेकिन इसके बाद इस खिलाड़ी ने अपनी 21वें से 30 गेंद तक 30 रन ठोके. उन्होंने अशोक शर्मा के ओवर में 3 छक्के और 2 चौके लगाकर 26 रन बटोर दिए. इसके बाद 31 से 40 ओवर में उन्होंने 33 रन कूट दिए. 41 से 45 गेंदों तक उन्होंने 21 रन कूटे और अपना शतक भी पूरा कर लिया. तिलक वर्मा का पहली 22 गेंदों में स्ट्राइक रेट 86.36 रहा और इसके बाद उन्होंने अगली 23 गेंदों पर 356 के स्ट्राइक रेट से 82 रन बनाए.
तिलक वर्मा इससे पहले बेहद खराब फॉर्म में चल रहे थे. इस खिलाड़ी ने इस मैच से पहले पांच मैचों में सिर्फ 43 रन बनाए थे. उनका औसत महज 8.6 था. लेकिन अब तिलक ने फॉर्म में वापसी कर ली है. इस खिलाड़ी ने 45 गेंदों में 101 रन कूट दिए.