उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि सब कुछ बहुत अच्छा चल रहा है। हमारे संबंध काफी मजबूत हैं। प्रधानमंत्री के साथ हमारी बैठक बहुत अच्छी रही। जी7 में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की मुलाकात भी सकारात्मक रही।” विदेश मंत्री ने दोनों देशों के बीच जारी व्यापार वार्ता को लेकर भी आशा जताई। उन्होंने कहा, “हम व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने की उम्मीद कर रहे हैं। हम इसके अंतिम चरण में हैं और बातचीत काफी सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है।”
रुबियो ने कहा कि वाशिंगटन क्वाड देशों के नेताओं की अगली बैठक का भी इंतजार कर रहा है। भारत को अमेरिका के सबसे करीबी साझेदारों में से एक बताते हुए उन्होंने कहा, “भारत अमेरिका का बेहद करीबी साझेदार और सहयोगी है। प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति के बीच व्यक्तिगत संबंध भी बेहद मजबूत हैं, जो कूटनीति के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।”
राष्ट्रपति ट्रंप पिछली बार फरवरी 2020 में भारत आए थे। उस दौरान उन्होंने और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अहमदाबाद में ‘नमस्ते ट्रंप’ कार्यक्रम को संबोधित किया था। इसके बाद नई दिल्ली में दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता हुई थी।
उस दौरे के बाद से राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी के बीच नियमित बातचीत होती रही है। दोनों देश व्यापार, रक्षा प्रौद्योगिकी और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सहयोग को और गहरा करने के लिए प्रयासरत हैं।
अमेरिका, भारत, जापान और ऑस्ट्रेलिया क्वाड के सदस्य हैं। ये चारों देश क्षेत्रीय सुरक्षा, महत्वपूर्ण एवं उभरती तकनीक, मजबूत सप्लाई चेन और समुद्री सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग बढ़ा रहे हैं। वाशिंगटन और नई दिल्ली दोनों ने अपनी साझेदारी को 21वीं सदी के सबसे महत्वपूर्ण रणनीतिक संबंधों में से एक बताया है।