पटियाला की अफसर कॉलोनी में पूर्व बैंक मैनेजर विकास बातीश (45) ने अपनी बहन को 55 लाख उधार दिए थे, जो उन्होंने बैंक लोन लेकर जुटाए थे.
पंजाब के पटियाला शहर से दिल को दहला देने वाली एक सनसनीखेज घटना सामने आई है. यहां के एक पॉश इलाके में रहने वाले परिवार ने लंबे समय से चले आ रहे आर्थिक तनाव और मानसिक प्रताड़ना के कारण सामूहिक आत्महत्या का प्रयास किया. परिवार के चारों सदस्यों ने मिक्स जूस में जहरीला पदार्थ (सल्फास) मिलाकर पी लिया. इस खौफनाक कदम के कारण 45 वर्षीय पूर्व बैंक मैनेजर और उनकी 13 साल की मासूम बेटी की तड़प-तड़प कर मौत हो गई. वहीं, परिवार के दो अन्य सदस्य गंभीर हालत में अस्पताल के आईसीयू (ICU) में जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे हैं. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
यह रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना पटियाला की अफसर कॉलोनी की है. पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बुधवार देर शाम परिवार के चारों सदस्यों ने घर के भीतर मिक्स जूस में सल्फास मिलाकर गटक लिया. जहर का असर शुरू होते ही जब उनकी हालत बिगड़ने लगी, तो उन्हें तुरंत नजदीकी सरकारी राजिंदरा अस्पताल ले जाया गया.
अस्पताल में डॉक्टरों के इलाज शुरू करने से पहले ही 45 वर्षीय विकास बातीश ने दम तोड़ दिया. वहीं, उनकी 13 वर्षीय बेटी ख्वाहिश ने अगले दिन यानी वीरवार की सुबह इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. विकास की पत्नी तमन्ना बातीश और उनके 11 वर्षीय बेटे कनव की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है. दोनों का राजिंदरा अस्पताल के आईसीयू में सघन इलाज चल रहा है.
55 लाख के कर्ज की इनसाइड स्टोरी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने अस्पताल पहुंचकर जांच शुरू की. अस्पताल के बिस्तर पर जिंदगी की जंग लड़ रही तमन्ना बातीश ने मजिस्ट्रेट के सामने जो बयान दर्ज कराए, उसने इस सामूहिक आत्महत्या के पीछे की पूरी खौफनाक कहानी बयां कर दी. तमन्ना ने बताया कि उनका परिवार पिछले लंबे समय से भयानक आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव से गुजर रहा था. उनके पति विकास बातीश ने अपनी सगी बहन (ननद) को करीब 55 लाख रुपए उधार दिए थे. सबसे बड़ी मुसीबत यह थी कि इस 55 लाख रुपये की रकम में से लगभग 45 लाख रुपए विकास ने खुद बैंक से लोन (ऋण) लेकर जुटाए थे.
छूट गई थी बैंक मैनेजर की नौकरी
काफी लंबा समय बीत जाने के बाद भी विकास की बहन ने वो पैसे वापस नहीं लौटाए. पैसे न मिलने के कारण बैंक का लोन बढ़ता गया और बैंक अधिकारियों ने विकास पर किस्त चुकाने के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया. अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर विकास ने अपनी बैंक मैनेजर की नौकरी भी छोड़ दी थी, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति पूरी तरह ठप हो गई.
ननद, जेठ और बैंक अधिकारियों पर प्रताड़ना का आरोप
अस्पताल में दिए अपने आधिकारिक बयान में तमन्ना बातीश ने अपनी ननद (पति की बहन), अपने जेठ (पति के बड़े भाई) और उस बैंक के कुछ उच्च अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जहां उनके पति पहले काम करते थे. तमन्ना का आरोप है कि इन सभी लोगों ने मिलकर उनके पति को मानसिक रूप से इस कदर प्रताड़ित किया कि पूरे परिवार के सामने सामूहिक आत्मघाती कदम उठाने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा.
पटियाला के डीएसपी सिटी-1 संजीव सिंगला ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि राजिंदरा अस्पताल से मिली सूचना के बाद पुलिस की टीमें तुरंत एक्टिव हो गई थीं. पीड़ित महिला के बयानों के आधार पर पुलिस ने ननद, जेठ और संबंधित बैंक अधिकारियों के खिलाफ जांच का दायरा बढ़ा दिया है. पुलिस का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और फरार लोगों की तलाश जारी है.